किसान कविता हिंदी
मै किसान हूं मै किसान हूं International labour day 1 may ये कविता अंतरराष्ट्रीय किसान दिवस पर किसानो का महत्व उनकी तड़प को समझाने के लिए लिख रहा हूं। किसान जब खेतों में कड़कड़ाती धूप में भी अपने पसीने की धार बहाकर इतनी मेहनतकश करने के बावजूद उन्हें अन्न का सही दाम तो नहीं ही मिलता बल्कि उनके उपजाए फसल के अंकुर भी नहीं होते । इन परिस्थितियों के बावजूद तथा ऐसी तड़प में भी उन्हें खुद पर गर्व होता है, कि वो किसान हैं,,,,, क्योंकि उनके कारण ही पूरे देश की भूख की पीड़ा शांत हैं,, उनपर गर्व है मुझे पता है हम आप में से कई लोग किसान भाइयों के लिए बहुत कुछ करने में सक्षम है लेकिन किसी दबाव के कारण चाहे वो राजनीति का हो या उच्च-नीच का,, के कारण निर्णय नहीं ले पा रहे होंगे। 1 मेंई किसानों के लिए बहुत ख़ास दिवस होता है अगर आपसे हो सके तो उनके लिए जरूर कुछ करने की कोशिश करना ये कविता मै किसान भाइयों को समर्पित करता हूं, मेरे दिल ...